मंगलवार को प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्र को संबोधित करते हुए, घोषणा की कि दिवाली और छठ पूजा के त्यौहारों को शामिल करने के लिए प्रधान मंत्री गरीब कल्याण योजना को नवंबर के अंत तक बढ़ाया जाएगा। अब तक लॉकडाउन के दौरान, मुफ्त राशन प्राप्त करने में इस योजना से 80 करोड़ लोगों को लाभ हुआ है और अब केंद्र लगभग पूरे वर्ष को इसमें कवर करेगा। इसमें गरीब परिवारों के प्रत्येक सदस्य को हर महीने 5 किलोग्राम गेहूं या चावल और 1 किग्रा चने का वितरण तय किया गया है। इस योजना से सरकारी कोष से 90,000 करोड़ रुपये खर्च होंगे। यदि पिछले तीन महीनों के खर्च को इसमें जोड़ दिया जाए तो राज्य का कुल खर्च लगभग 1.5 लाख करोड़ रुपये होगा।

भारत सरकार ने 2016 में प्रधान मंत्री गरीब कल्याण योजना शुरू करी थी, जहाँ आयकरदाताओं को उनके अवैध धन की घोषणा करके और उनके बेहिसाब आय पर 50% जुर्माना का भुगतान करके मुकदमा चलाने का अवसर दिया गया। यह योजना 16 दिसंबर 2016 से 31 मार्च 2017 तक वैध थी, एकत्रित धन का उपयोग देश के गरीब लोगों के उत्थान के लिए किया जाना था। निर्मला सीतारमण ने गुरुवार दोपहर को इसी योजना के तहत 1.7 लाख करोड़ रुपये के बेलआउट पैकेज की घोषणा की। PMGKY के तहत FM ने किसानों, मनरेगा, गरीब विधवाओं, गरीब पेंशनरों, महिलाओं द्वारा आयोजित जन धन योजना, UJVALA योजना धारकों, महिलाओं के लिए SHG, EPFO और निर्माण श्रमिकों के माध्यम से संगठित क्षेत्र के श्रमिकों के लिए आठ अलग-अलग उपायों की घोषणा की। इस योजना में क्या शामिल होगा:

  • पीएम गरीब कल्याण योजना में गरीबों और प्रवासियों के लिए कैश ट्रांसफर शामिल होगा।
  • इस योजना के अंतर्गत 80 करोड़ लोगों को अगले तीन महीने तक पांच किलो चावल या गेंहू मुफ्त उपलब्‍ध कराया जाएगा, इसमें अभी समय दिए जा रहे 5 किलो राशन के अलावा होगा। इसके अतिरिक्‍त, प्रत्‍येक परिवार को एक किलो दाल भी मुफ्त दी जाएगी। लोग इसे दो किस्तों में भी ले सकते हैं।
  • प्रधानमंत्री किसान योजना के तहत 8 करोड़ 69 लाख किसानों और अन्‍य लोगों को की पहली किस्त अप्रैल के पहले सप्‍ताह तक उनके खाते में 2 हजार रूपये जमा कर दिए जाएंगे।
  • महिला उज्जवला योजना की लाभार्थियों को अगले 3 महीनों तक मुफ्त सिलेंडर दिया जाएगा। इससे 8.3 करोड़ बीपीएल परिवारों को फायदा मिलेगा।
  • सरकार अगले तीन महीनों तक नियोक्ता और कर्मचारी दोनों के 24% ईपीएफ का भुगतान करेगी। यह योजना 15,000 रुपये से कम वेतन वाले कर्मचारियों और जिस कंपनी में 100 से कम कर्मचारी हैं।
  • कोरोना से निपटने में लगे विभिन्‍न वर्ग के लोगों के लिए तीन महीने के लिए 50 लाख रूपये का बीमा भी कराया जाएगा। इनमें चिकित्‍सक, पैरा मेडीकर्मी, स्‍वास्‍थ्यकर्मी, सफाई कर्मचारी और आशा कार्यकर्ता शामिल है।
  • दिव्यांग, गरीब वरिष्ठ नागरिक, विधवाओं को अगले तीन महीनों के लिए 1,000 रुपये मिलेंगे।